
पूर्व मंत्री सह विधायक रामनारायण मंडल ने अटल जी को किया नमन, याद किए बांका से जुड़े ऐतिहासिक पल
बांका।
भारत के पूर्व प्रधानमंत्री, प्रख्यात राजनेता, ओजस्वी वक्ता और भारत रत्न से सम्मानित श्रद्धेय अटल बिहारी वाजपेई की 101वीं जयंती के अवसर पर गुरुवार को बांका नगर में भारतीय जनता पार्टी द्वारा श्रद्धा, सम्मान और प्रेरणा से ओत-प्रोत एक भव्य श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। यह आयोजन बांका नगर स्थित मंडल भाजपा कार्यालय परिसर में संपन्न हुआ, जहां बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता, पदाधिकारी एवं वरिष्ठ नेता उपस्थित रहे।
इस अवसर पर बिहार सरकार के पूर्व मंत्री सह बांका विधायक रामनारायण मंडल ने अटल बिहारी वाजपेई के तैलचित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धा-सुमन अर्पित किए। पूरे कार्यक्रम के दौरान अटल जी के व्यक्तित्व, कृतित्व और राष्ट्र निर्माण में उनके योगदान पर विस्तार से चर्चा की गई। कार्यक्रम का माहौल अत्यंत भावुक, प्रेरणादायक और राष्ट्रभक्ति से ओत-प्रोत रहा।
अटल बिहारी वाजपेई: करोड़ों कार्यकर्ताओं के प्रेरणास्रोत
श्रद्धांजलि सभा को संबोधित करते हुए पूर्व मंत्री रामनारायण मंडल ने कहा कि अटल बिहारी वाजपेई भारतीय जनता पार्टी के ही नहीं, बल्कि पूरे राष्ट्र के लिए प्रेरणा के स्तंभ थे। उनके विचार, उनकी ओजपूर्ण वाणी, उनकी लेखनी और राष्ट्र के प्रति उनका समर्पण आज भी भाजपा के करोड़ों कार्यकर्ताओं को दिशा और ऊर्जा प्रदान करता है।
उन्होंने कहा कि अटल जी का जीवन इस बात का प्रमाण है कि राजनीति केवल सत्ता प्राप्ति का माध्यम नहीं, बल्कि राष्ट्र सेवा का सर्वोच्च साधन हो सकती है। अटल जी ने अपने संपूर्ण राजनीतिक जीवन में सदैव राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखा और कभी भी अपने सिद्धांतों से समझौता नहीं किया।
भाजपा की स्थापना और अटल जी की भूमिका
रामनारायण मंडल ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी की स्थापना 6 अप्रैल 1980 को अटल बिहारी वाजपेई के नेतृत्व में हुई थी। उस समय परिस्थितियां बेहद चुनौतीपूर्ण थीं। पार्टी के पास सीमित संसाधन थे, लेकिन अटल जी के नेतृत्व, दूरदर्शिता और कार्यकर्ताओं पर अटूट विश्वास ने भाजपा को मजबूत आधार प्रदान किया।
उन्होंने कहा कि अटल जी ने कठिन दौर में भी कार्यकर्ताओं का मनोबल बनाए रखा। उनका विश्वास था कि अगर कार्यकर्ता संगठित और समर्पित रहें, तो पार्टी को आगे बढ़ने से कोई नहीं रोक सकता। यही कारण है कि आज भाजपा देश की सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टी बन चुकी है और देश व कई राज्यों में एनडीए सरकार के रूप में सेवा कर रही है।
नरेंद्र मोदी के नेतृत्व तक की यात्रा में अटल जी की भूमिका
पूर्व मंत्री ने कहा कि आज देश को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जैसा सशक्त, राष्ट्रनिष्ठ और दूरदर्शी नेतृत्व प्राप्त हुआ है, तो इसके पीछे अटल बिहारी वाजपेई की राजनीतिक सोच और मार्गदर्शन की बड़ी भूमिका है। अटल जी ने जिस राष्ट्रवाद, सुशासन और विकास की राजनीति की नींव रखी, उसी पर आज का भारत आगे बढ़ रहा है।
उन्होंने कहा कि अटल जी की दूरदर्शी सोच ने भाजपा को सत्ता की राजनीति से ऊपर उठाकर सेवा और सुशासन की राजनीति सिखाई। आज केंद्र और राज्यों में जो विकास कार्य हो रहे हैं, वे उसी विचारधारा का विस्तार हैं।
बांका से अटल बिहारी वाजपेई का विशेष लगाव
रामनारायण मंडल ने अपने संबोधन में अटल बिहारी वाजपेई के बांका से विशेष लगाव को भावुक शब्दों में याद किया। उन्होंने कहा कि जिस भाजपा कार्यालय में आज अटल जी को श्रद्धांजलि दी जा रही है, उसी कार्यालय का उद्घाटन स्वयं अटल बिहारी वाजपेई ने अपने कर-कमलों से किया था।
इतना ही नहीं, इसी कार्यालय परिसर में स्थापित पंडित दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमा का अनावरण भी अटल जी द्वारा ही किया गया था। यह बांका जिले के लिए गर्व और गौरव की बात है, जिसे भाजपा कार्यकर्ता कभी नहीं भूल सकते।
खड़हारा गांव की ऐतिहासिक स्मृति
पूर्व मंत्री रामनारायण मंडल ने अटल जी के बांका दौरे से जुड़ी एक ऐतिहासिक स्मृति को साझा करते हुए कहा कि वीर शहीद सतीश की जन्मस्थली खड़हारा गांव में आयोजित एक कार्यक्रम में अटल बिहारी वाजपेई स्वयं पहुंचे थे।
उन्होंने बताया कि उस दौरान तेलिया हाई स्कूल मैदान में कार्यकर्ताओं का जो उत्साह और प्रेम देखने को मिला, वह आज भी स्मरणीय है। हजारों कार्यकर्ताओं ने अटल जी का भव्य स्वागत किया था और प्रेम भाव से उन्हें सिक्कों से तौला गया था। वह दृश्य आज भी बांका भाजपा के कार्यकर्ताओं के लिए प्रेरणा का स्रोत बना हुआ है।
गांव, किसान और गरीब के प्रति अटल जी का समर्पण
रामनारायण मंडल ने कहा कि अटल बिहारी वाजपेई का गांव, किसान और गरीबों से गहरा जुड़ाव था। प्रधानमंत्री रहते हुए उन्होंने देश के आधारभूत ढांचे को मजबूत करने के लिए कई ऐतिहासिक निर्णय लिए।
उन्होंने स्वर्णिम चतुर्भुज परियोजना का उल्लेख करते हुए कहा कि इस योजना के माध्यम से दिल्ली, मुंबई, चेन्नई और कोलकाता जैसे चारों महानगरों को सड़क मार्ग से जोड़ने का ऐतिहासिक कार्य किया गया। इससे न केवल देश की अर्थव्यवस्था को गति मिली, बल्कि व्यापार और रोजगार के नए अवसर भी सृजित हुए।
प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना: गांवों के विकास की नींव
पूर्व मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना अटल जी की दूरदर्शिता का उत्कृष्ट उदाहरण है। इस योजना के माध्यम से देश के सुदूर ग्रामीण इलाकों को सड़क सुविधा से जोड़ा गया, जिससे गांवों का शहरों से संपर्क मजबूत हुआ।
उन्होंने कहा कि सड़कें केवल रास्ते नहीं होतीं, बल्कि वे विकास, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के द्वार खोलती हैं। अटल जी ने इसे समय रहते समझा और गांवों को मुख्यधारा से जोड़ने का ऐतिहासिक कार्य किया।
शिक्षा के क्षेत्र में अटल जी का योगदान
रामनारायण मंडल ने अटल बिहारी वाजपेई के शिक्षा के क्षेत्र में योगदान को भी विस्तार से याद किया। उन्होंने कहा कि सर्व शिक्षा अभियान अटल जी के कार्यकाल की एक महत्वपूर्ण उपलब्धि रही।
इस योजना के तहत 6 से 14 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों को निःशुल्क और अनिवार्य प्रारंभिक शिक्षा की व्यवस्था की गई। इससे देश के करोड़ों बच्चों को शिक्षा से जोड़ने में मदद मिली और साक्षरता दर में उल्लेखनीय वृद्धि हुई।
परमाणु शक्ति और विश्व मंच पर भारत
पूर्व मंत्री ने कहा कि अटल बिहारी वाजपेई के साहसिक निर्णयों के कारण ही भारत आज परमाणु संपन्न राष्ट्र बना। पोखरण परमाणु परीक्षण के माध्यम से भारत ने विश्व मंच पर अपनी सामरिक शक्ति और आत्मनिर्भरता का परिचय दिया।
उन्होंने कहा कि अटल जी के इन निर्णयों से भारत की अंतरराष्ट्रीय पहचान मजबूत हुई और देश ने आत्मसम्मान के साथ वैश्विक राजनीति में अपनी जगह बनाई।
सादगी और विनम्रता की मिसाल
रामनारायण मंडल ने अटल जी के व्यक्तिगत जीवन की सादगी और विनम्रता को भी याद किया। उन्होंने एक प्रसंग का उल्लेख करते हुए बताया कि एक कार्यक्रम के दौरान अटल जी कार्यकर्ताओं के साथ पंक्ति में बैठकर भोजन कर रहे थे।
भोजन के बाद उन्होंने स्वयं अपनी पत्तल उठाकर रखी, जिससे उनकी सरलता और विनम्रता का परिचय मिलता है। उन्होंने कहा कि अटल जी पद और प्रतिष्ठा से ऊपर उठकर मानवीय मूल्यों को जीने वाले नेता थे।
युगों में जन्म लेते हैं अटल जैसे नेता
अपने संबोधन के अंत में रामनारायण मंडल ने कहा कि अटल बिहारी वाजपेई जैसे महान राजनेता युगों में विरले जन्म लेते हैं। उनका जीवन और विचारधारा आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनी रहेगी।
उन्होंने कहा कि आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भाजपा अटल जी के बताए मार्ग पर चलकर गरीब, किसान, युवा और महिलाओं के उत्थान के लिए सेवा भाव से कार्य कर रही है।
सुशासन दिवस के रूप में मनाई जाती है अटल जयंती
उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी अटल बिहारी वाजपेई की जयंती को पूरे देश में सुशासन दिवस के रूप में मनाती है। इस दिन उनके जीवन और कार्यों को याद कर कार्यकर्ताओं को समाजसेवा और राष्ट्र निर्माण के लिए प्रेरित किया जाता है।
बड़ी संख्या में कार्यकर्ता रहे उपस्थित
इस अवसर पर भाजपा के कई वरिष्ठ नेता और कार्यकर्ता उपस्थित रहे, जिनमें प्रमुख रूप से
महेश गुप्ता, उपेंद्र चौधरी, सुभाष साह, रिपु सुदन सिंह, पंकज घोष, राहुल गुप्ता, विकास चौरसिया, पंकज दास, सुनील चटर्जी, संजय झा, प्रमोद मंडल, सुबोध झा, शंकर चौधरी, आशीष सिंह, विकास मंडल सहित बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता शामिल थे।
निष्कर्ष
श्रद्धांजलि सभा के माध्यम से यह स्पष्ट संदेश दिया गया कि अटल बिहारी वाजपेई केवल एक राजनेता नहीं, बल्कि एक विचारधारा, एक संस्कार और एक प्रेरणा थे। उनका जीवन, उनके निर्णय और उनका व्यक्तित्व भारतीय राजनीति के लिए सदैव पथप्रदर्शक बना रहेगा।